Updated -

mobile_app
liveTv

यूपी में एक रात में 6 एनकाउंटर, बदमाशों से मिली एकके 47

नोएडा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में रविवार को पुलिस और बदमाशों में मुठभेड हुई। बताया जा रहा है कि यूपी में छह अलग-अलग जगहों पर एनकाउंटर हुए। पुलिस ने नोएडा में हुए एनकाउंटर में इनामी बदमाश श्रवण चौधरी को मार गिराया गया। इसके साथ ही सहारनपुर, गाजियाबाद, दनकौर में भी पुलिस कार्रवाई की जानकारी मिली है। 

श्रवण पर दिल्ली और नोएडा में 50-50 हजार रुपए (कुल एक लाख) का इनाम रखा गया था। दोनों ही जगहों पर कई केस रजिस्टर थे। डीजीपी हेडक्वॉटर ने बताया कि श्रवण के पास से एके-47 जैसे खतरनाक हथियार मिले हैं। उसका एनकाउंटर नोएडा फेज 3 के पास हुआ। टीवी रिपोर्ट के मुताबिक, एक एनकाउंटर दनकौर में हुआ, वहां दो बदमाशों को गोली थी, दोनों फिलहाल पुलिस की गिरफ्त में हैं। दोनों नोएडा से ट्रक चोरी करके ला रहे थे। 

उनके दो अन्य साथी फिलहाल फरार हैं। सहारनपुर-शामली के पास एनकाउंटर में 25 हजार का इनामी बदमाश अहसान उर्फ सलीम ढेर हो गया है। जो शामली के झिंझाना का रहने वाला था। सलीम गंभीर रूप से घायल हुआ था, बाद में हॉस्पिटल में उसकी मौत हुई। 

उसके साथ एक और शख्स था, लेकिन वह भागने में कामयाब हुआ। पुलिस ने वहां से एक लाख रुपये, एक मोटरसाइकिल और एक पिस्टल बरामद की थी। एक एनकाउंटर गाजियाबाद में भी हुआ था। वहां राहुल नाम के बदमाश को पकडा गया है। उस मुठभेड में एक पुलिसकर्मी सचिन शर्मा घायल भी हुआ।

मोदी ने ‘मन की बात’ में निवारक स्वास्थ्य सेवा पर जोर दिया

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को लोगों से निवारक स्वास्थ्य सेवा को लेकर अधिक सर्तक रहने का आग्रह किया क्योंकि रोग से बचने के लिए पहले से किए गए निवारक उपाय न केवल किसी एक व्यक्ति के लिए फायदेमंद हैं बल्कि उसके परिवार व समाज के लिए भी लाभकारी हैं। प्रधानमंत्री ने अपने मासिक रेडिया कार्यक्रम ‘मन की बात’ में कहा, ‘‘निवारक स्वास्थ्य सेवा सबसे सस्ती और सबसे आसान है। इसे लेकर हम जितना जागरूक होंगे, उतना ही वह केवल व्यक्ति के लिए ही नहीं बल्कि उसके परिवार व समाज के लिए लाभकारी होगी।’’

प्रधानमंत्री ने अच्छी सेहत के लिए स्वच्छता पर भी जोर देते हुए कहा कि एक स्वस्थ भारत उतना ही जरूरी है जितना स्वच्छ भारत। उन्होंने कहा, ‘‘मेरा मानना है कि स्वस्थ भारत और स्वच्छ भारत एक दूसरे से संबंधित हैं। देश स्वास्थ्य क्षेत्र में पारंपरिक दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ रहा है। पहले प्रत्येक स्वास्थ्य संबंधित कार्य केवल केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की जिम्मेदारी होते थे। लेकिन वर्तमान परिदृश्य में प्रत्येक विभाग, राज्य सरकार और अन्य विभाग एक साथ मिलकर स्वस्थ भारत के लिए कार्य कर रहे हैं।’’

मोदी ने कहा कि योग ने निवारक स्वास्थ्य देखभाल की विधा के रूप में दुनिया में पहचान बनाई है। यह अच्छी सेहत की गारंटी देता है। उन्होंने कहा, ‘‘योग दिवस 21 जून को मनाया जाएगा। क्या हम योग के लिए लोगों को प्रोत्साहित करने के लिए अभी से कार्य शुरू कर सकते हैं?’’ मोदी ने कहा कि सरकार ने तीन हजार से अधिक जन औषधि केंद्र खोले हैं और वह इस तरह के और केंद्रों को खोलने के लिए कार्य कर रही है।
 

इंग्लैंड ने भारत को 7 विकेट से हराया, सबसे बड़ी जीत

नई दिल्ली। इंग्लैंड की महिला क्रिकेट टीम ने रविवार को इतिहास रच दिया। इंग्लैंड ने मुंबई में त्रिकोणीय टी20 सीरीज के मुकाबले में भारत को 8 गेंद पहले 7 विकेट से हरा दिया। इंग्लैंड को जीत के लिए 199 रन चाहिए थे, जो उसने 18.4 ओवर में बना लिए। यह टी20 में हासिल किया गया सबसे बड़ा लक्ष्य है। 

टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 20 ओवर में चार विकेट पर 198 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया। स्मृति मंधाना ने 40 गेंदों पर 12 चौकों व 2 छक्कों की मदद से 76 रन ठोके। स्मृति ने मिताली राज (53) के साथ पहले विकेट के लिए 12.5 ओवर में 129 रन की साझेदारी की। मिताली ने 43 गेंदों पर सात चौके जमाए। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 30 और पी. वस्त्रकार ने नाबाद 22 रन की पारी खेली। 

जवाब में इंग्लैंड की ओर से प्लेयर ऑफ द मैच डेनियल व्याट ने मैच विजेता पारी खेली। सलामी बल्लेबाज व्याट ने 64 गेंदों पर 15 चौकों व पांच छक्कों की बदौलत 124 रन जुटाए। टेमी ब्यूमोंट ने 35, स्मिथ ने 15 और शाइवर ने नाबाद 12 रन का योगदान दिया। दीप्ति शर्मा ने दो और झूलन गोस्वामी ने एक विकेट लिया। यह भारत की दूसरी हार और इंग्लैंड की दूसरी जीत है। भारत को दो मैच और खेलने हैं।

सांसदों के सस्ते भोजन पर 5 साल में 74 करोड़ की सब्सिडी!

भोपाल। देश में पेट्रोलियम पदार्थों को बाजार के हवाले किया जा चुका है, हर रोज दाम ऊंचे-नीचे हो रहे हैं, वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गरीबों को रसोई गैस उपलब्ध कराने के लिए आमजन से गैस सिलेंडर पर मिलने वाली सब्सिडी छोडऩे का आग्रह करते नजर आते हैं, मगर आपको यह जानकार हैरानी होगी कि हमारे माननीय सेवकों यानी संसद सदस्यों को संसद की कैंटीनों से सस्ता भोजन मुहैया कराने पर पांच वर्षों में 74 करोड़ रुपये की सब्सिडी देनी पड़ रही है। 

वैसे तो निर्वाचित प्रतिनिधि अपने को ‘जनता का सेवक’ बताने से नहीं हिचकते, मगर एक बार चुनाव जीतने के बाद उनकी आर्थिक स्थिति में आने वाले बदलाव का किसी को अंदाजा नहीं है। एक तरफ जहां सांसदों को लगभग डेढ़ लाख रुपये मासिक पगार व भत्ते मिलते हैं, वहीं बिजली, पानी, आवास, चिकित्सा, रेल और हवाई जहाज में यात्रा सुविधा मुफ्त मिलती है। इतना ही नहीं, एक बार निर्वाचित होने पर जीवनपर्यंत पेंशन का भी प्रावधान है। 

संसद के दोनों सदनों- लोकसभा और राज्यसभा में करोड़पति सांसदों की कमी नहीं है, उसके बावजूद उन्हें संसद परिसर में स्थित चार कैंटीनों में सस्ता खाना दिया जाता है। वास्तविक कीमत और रियायती दर पर दिए जाने वाले खाने के अंतर की भरपाई लोकसभा सचिवालय यानी सरकार को करनी होती है। औसत तौर पर हर वर्ष कैंटीन से सांसदों को उपलब्ध कराए जाने वाले सस्ते भोजन के एवज में 15 करोड़ की सब्सिडी के तौर पर भरपाई करनी होती है।

मध्य प्रदेश के नीमच निवासी सामाजिक कार्यकर्ता चंद्रशेखर गौड़ ने सूचना के अधिकार के तहत सांसदों को रियायती दर पर मिलने वाले भोजन के चलते सदन या सरकार पर पडऩे वाले आर्थिक भार की जो जानकारी हासिल की, वह चौंकाने वाली है। बताया गया है कि बीते पांच सालों में सांसदों के सस्ते भेाजन पर 73,85,62,474 रुपये बतौर सब्सिडी दी गई।

गौड़ द्वारा मांगी गई जानकारी पर लोकसभा सचिवालय की सामान्य कार्य शाखा के उप-सचिव मनीष कुमार रेवारी ने जो ब्यौरा दिया है, उससे एक बात तो साफ होती है कि माननीय सेवकों ने हर वर्ष सिर्फ कैंटीन में किए गए भोजन से सरकार पर औसतन 15 करोड़ का भार बढ़ाया है। 

सूचना के अधिकार के तहत दिए गए ब्यौरे के मुताबिक, वर्ष 2012-13 से वर्ष 2016-17 तक संसद कैटीनों को कुल 73,85,62,474 रुपये बतौर सब्सिडी दिए गए। अगर बीते पांच वर्षों की स्थिति पर गौर करें तो पता चलता है कि वर्ष 2012-13 में सांसदों के सस्ते भोजन पर 12,52,01867 रुपये, वर्ष 2013-14 में 14,09,69082 रुपये सब्सिडी के तौर पर दिए गए।

US: जॉन बोल्टन नए राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार नियुक्त, लेंगे मास्टर की जगह

वाशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्वीट कर संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका के पूर्व राजदूत जॉन बोल्टन को नया राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) के पद पर नियुक्त होने की जानकारी दी। बोल्टन जनरल एच.आर.मैक्मास्टर का स्थान लेंगे।

समाचार एजेंसी सिन्हुआ के मुताबिक, ट्रंप ने बताया कि वह नौ अप्रैल से इस पद को संभालेंगे। ट्रंप ने कहा, ‘‘मैं जनरल एच.आर.मैक्मास्टर की सेवा का आभारी हूं, जिन्होंने इस पद पर रहते हुए बेहतरीन काम किया है और वह हमेशा मेरे दोस्त रहेंगे।’’ 

संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत निकी हेली ने भी ट्वीट कर मैक्मास्टर के निस्वार्थ साहस और नेतृत्व की सराहना की।

US ने लगाया 50 अरब डॉलर का शुल्क, बौखलाए चीन ने ट्रंप को दी ये सलाह

वाशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप नेचीनी सामानों के आयात पर लगभग 50 अरब डॉलर का शुल्क लगाने संबंधी मेमो पर हस्ताक्षर कर दिए। सीएनएन के मुताबिक, इंटलेक्चुअल प्रॉपर्टी की चोरी की सात महीने की जांच के बाद यह कदम उठाया गया है। इस शुल्क के अलावा अमेरिका ने चीन पर नए निवेश प्रतिबंध लगाने की भी योजना बनाई है। इसके साथ ही विश्व व्यापार संगठन और राजस्व विभाग भी चीन पर अतिरिक्त कदम उठाएगा। ट्रंप ने कहा, हम इंटलेक्चुअल प्रॉपर्टी चोरी की समस्या से जूझ रहे हैं। ट्रंप ने गुरुवार को 1974 के व्यापार अधिनियम की धारा 301 के हवाला देकर एक मेमो पर हस्ताक्षर किए। 

हालांकि, अमेरिका के इस कदम के बाद चीन में बौखलाहट देखी जा रही है। चीन ने कहा है कि अमेरिका के इस कदम का कड़ा जवाब दिया जाएगा। चीन ने अमेरिका को चेतावनी देते हुए दोनों देशों के बीच ट्रेड जारी रखने के लिए टैरिफ को रोकने के लिए कहा है। मीडिया रिपोट्र्स के मुताबिक अमेरिका में चीन के दूतावास से जारी एक बयान में कहा गया है कि चीन ने इस ट्रेड टैरिफ की कड़ी निंदा की है। चीन ने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप के इस फैसले ने दोनों देशों के बीच व्यापार युद्ध (ट्रेड वॉर) शुरू कर दिया है। 

दूतावास ने कहा, अगर अमेरिका की ओर से ट्रेड वॉर की शुरुआत की जा रही है तो चीन भी अपने वैध हितों के लिए इस लड़ाई को आखिरी तक लड़ेगा। उन्होंने कहा, हम अमेरिका से आग्रह करते हैं वह इस ट्रेड टैरिफ को यहीं रोक दें। उन्होंने कहा कि चीन और अमेरिका के व्यापारिक संबंध खराब होते हैं तो अमेरिका आखिर में खुद को ही नुकसान पहुंचाएगा। चीनी प्रधानमंत्री ली केकियांग ने भी अमेरिका को जवाब देते हुए बुधवार को कहा था, हम किसी तरह का ट्रेड वॉर नहीं चाहते हैं, लेकिन हम पीछे नहीं हटेंगे।

HC के फैसले पर केजरीवाल बोले-सच की जीत हुई, दिल्ली के लोगों को बधाई

नई दिल्ली। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सत्तारूढ़ पार्टी के 20 विधायकों को अयोग्य करार दिए जाने की निर्वाचन आयोग की सिफारिश को अदालत द्वारा रद्द किए जाने के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि सच्चाई की जीत हुई है। केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा, सच की जीत हुई है। दिल्ली के निर्वाचित प्रतिनिधियों को गलत तरीके से अयोग्य घोषित किया गया। उच्च न्यायालय ने दिल्ली के लोगों को न्याय प्रदान किया है। यह लोगों के लिए एक बड़ी जीत है, दिल्ली के लोगों को बधाई।

केजरीवाल की यह प्रतिक्रिया तब आई, जब अदालत ने आयोग से मामले की नए सिरे से सुनवाई करने को कहा, क्योंकि आयोग द्वारा उन्हें अयोग्य करार दिए जाने से पहले विधायकों के पक्ष की सुनवाई उचित तरीके से नहीं की गई थी। इन 20 विधायकों को संसदीय सचिव, यानी लाभ का पद ग्रहण करने के कारण अयोग्य करार दिया गया था।

खाद्य आपूर्ति मंत्री किशन कपूर ने की केन्द्रीय मंत्री पासवान से भेंट

शिमला। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री किशन कपूर ने आज नई दिल्ली में केन्द्रीय उपभोक्ता मामले मंत्री रामविलास पासवान से भेंट की।

किशन कपूर ने केन्द्रीय मंत्री से प्रदेश की वर्ष 2016-17 का लगभग 35 करोड़ 99 लाख रुपये के बकाया उपदान को शीघ्र जारी करने का आग्रह किया। उन्होंने प्रदेश के लिए सार्वजनिक वितरण प्रणाली परियोजना को 31 मार्च, 2019 तक बढ़ाने का आग्रह किया।

उन्होंने केन्द्रीय मंत्री से प्रदेश की भौगोलिक परिस्थितियों के मध्यनजर मिट्टी के तेल का कोटा बढ़ाने का भी आग्रह किया ताकि प्रदेश के दूर-दराज क्षेत्र के लोगों को पर्याप्त मात्रा में मिट्टी का तेल उपलब्ध हो सके। उन्होंने अन्नपूर्णा योजना के अन्तर्गत गेंहू जारी करने का भी आग्रह किया।

किशन कपूर ने केन्द्रीय मंत्री से राज्य में खाद्यानों के भण्डारण के लिए और अधिक गोदाम बनाने का भी आग्रह किया। उन्होंने कहा कि राज्य में गोदामों की कमी के चलते उपभोक्ताओं को सार्वजनिक वितरण प्रणाली व अन्य योजनाओं के अन्तर्गत वितरित की जा रही खाद्यान सामग्री को भण्डरण करने में कठिनाई का सामना करना पड़ता है।

विश्वविद्यालयों के न्यायालयों में राज्यपाल ने सदस्यों की नियुक्ति की

चंडीगढ़। राज्यपाल और कुलाधिपति प्रो. कप्तान सिंह सोलंकी ने दीनबंधू छोटू राम विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, मुरथल में पांच उम्मीदवार मनोनीत किए हैं। एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि मनोनीत किए गये उम्मीदवारों में हरियाणा पशुधन विकास बोर्ड, पंचकुला के अध्यक्ष ऋषि प्रकाश शर्मा, प्रो. राजबीर सिंह सोलंकी, वाइस चांसलर, चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय, जींद, प्रोफेसर एम.पी. पूनिया, उपाध्यक्ष, अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद, नई दिल्ली, प्रो. पी शशिकला, नई मीडिया प्रौद्योगिकी विभाग, माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल और प्रो. सतीश आर्य, डीन शैक्षणिक मामले (सेवानिवृत्त), चौधरी देवी लाल विश्वविद्यालय, सिरसा शामिल हैं।
जींद विश्वविद्यालय में 15 उम्मीदवार मनोनीत

इसी प्रकार सोलंकी ने जो चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय, जींद के कुलपति भी हैं, ने तीन साल की अवधि के लिए तुरंत प्रभाव से विश्वविद्यालय के न्यायालय में 15 उम्मीदवारों को मनोनीत किया है। जिन्हें मनोनीत किया गया है उनमें डॉ ए के मलिक, रजिस्ट्रार, दक्षिण एशियाई विश्वविद्यालय, नई दिल्ली, डा० दीप्ति धर्ममानी, प्रोफेसर, अंग्रेजी विभाग, चौधरी देवी लाल विश्वविद्यालय, सिरसा, राकेश सिंह, एनआईएस, कुश्ती कोच, निदेशक शैक्षिक संस्थान, बहादुरगढ़, झज्जर, हरजीवन प्रशाद अग्रवाल, रोहिणी, दिल्ली, प्रो के.के. अग्रवाल, चांसलर, लिंग्या विश्वविद्यालय, फरीदाबाद, डा. रितेश गुप्ता, प्रमुख, बिजनेस विभाग, फुटवियर डिजाइन और विकास संस्थान, रोहतक, प्रो आर.के. बेनिवाल, सेंट्रल इंस्टीट्यूट ऑफ ऑर्थोपेडिक्स, वर्धमान महावीर मेडिकल कॉलेज और सफदरजंग अस्पताल, नई दिल्ली, डॉ बलराम पानी, प्रिंसिपल, भास्करचार्य कॉलेज ऑफ एप्लाइड साइंसेस, दिल्ली विश्वविद्यालय, प्रो. दया सिंह, भागीरथी भवन, भिवानी रोड, जींद और डॉ ए के चावला, डिफेंस कॉलोनी, जींद शामिल हैं। 
इसी प्रकार, अमित जिंदल, शिवालिक एनक्लेव, एनएसी मनिमाजरा, चंडीगढ़, डा० आर.बी. जैन, पीजीआईएमएस, रोहतक, प्रो० एस.के. गाखड़, पूर्व उप-चांसलर, चौधरी बंसी लाल विश्वविद्यालय, भिवानी, डॉ अवधेश कुमार पांडे, अर्बन एस्टेट, अंबाला शहर और डॉ बी.बी. गोयल, लोक प्रशासन (रिटायर्ड प्रोफेसर), पंजाब विश्वविद्यालय शामिल हैं।

सरकारी योजनाएं एक छत के नीचे होंगी, अंत्योदय केन्द्र खुलेंगे

टू जी मामले में राजा, कनिमोझी और अन्य को नोटिस

जयपुर टाइम्स
नई दिल्ली (एजेंसी)। दिल्ली उच्च न्यायालय ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की अपील पर टू जी स्पेक्ट्रम मामले से जुड़े पूर्व दूरसंचार मंत्री ए राजा समेत सभी आरोपियों को आज नोटिस जारी किया।  दिल्ली उच्च न्यायालय में ईडी की तरफ से पेश हुए अधिवक्ता राजीव अवस्थी ने मीडिया से कहा,न्यायालय अंतरिम आवेदन ने इस मामले में जब्त संपत्तियों पर यथास्थिति बनाये रखने का आदेश दिया है, इस आदेश का अर्थ यह हुआ कि संपत्तियां ईडी के कब्जे में ही रहेंगी।"  न्यायाधीश एस पी गर्ग ने नोटिस जारी करते हुए कहा कि मामले की अगली सुनवाई 25 मई को होगी। इस मामले में ए राजा के अलावा, द्रमुक सांसद कनिमोझी और अन्य को निचली अदालत ने बरी कर दिया था। ईडी ने फैसले के खिलाफ सोमवार को और सीबीआई ने कल अपील दायर की थी। सीबीआई की विशेष अदालत के न्यायाधीश ओ पी सैनी पिछले साल 21 दिसम्बर को ए राजा और 18 अन्य को जिसमें द्रमुक प्रमुख एम करुणानिधि की पत्नी दयालु अम्माल और पुत्री कनिमोझी को टू जी से जुड़े हवाला कारोबार में बरी कर दिया था। इसके अलावा एसटीपीएल के शाहिद बलवा और विनोद गोयनका, कुसेगांव फ्रूटस ऐंड वेजीटेबल्स प्राइवेट लिमिटेड के आसिफ बलवा और राजीव अग्रवाल, फिल्म निर्माता करीम मोरानी भी बरी किए गए लोगों में शामिल थे। 


अदालत ने मामले में 223 करोड़ रुपए मूल्य की जब्त संपत्ति को भी रिलीज करने के आदेश दिए थे। विशेष न्यायाधीश ने फैसला देते हुए कहा था कि ईडी और सीबीआई मामले में आरोपी 33 व्यक्तियों के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध कराने में नाकाम रही। 

अब 814 करोड़ का एक और बैंक घोटाला, 14 बैंकों को लगी चपत

जयपुर टाइम्स
नई दिल्ली (एजेंसी)। देश में शुरू हुए बैंक घोटालों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी बैंक) देश के सबसे बडे लोन घोटाले के बाद एक और बैंक घोटाला सामने आया है। इस बार घोटाले का मुख्य शिकार देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक एसबीआई भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) बनी है। बताया जा रहा है कि इस बार घोटाला करने वाल कंपनी कनिष्क गोल्ड प्राइवेट लिमिटेड है। सीबीआई को भेजी अपनी शिकायत में एसबीआई ने इस घोटाले का जिक्र किया है। अपनी शिकायत में एसबीआई ने बताया है कि कनिष्क ज्वैलर्स ने 824.15 करोड रुपए की धोखाधडी की है। एसबीआई ने कनिष्क गोल्ड प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ सीबीआई से जांच की मांग करते हुए कहा कि इस कंपनी ने कर्ज मामले में 824.15 करोड रुपये की धोखाधडी की है।  एसबीआई उन 14 सरकारी और निजी बैंकों में शामिल अहम बैंक है, जिसने इस कंपनी को 824 करोड रुपए का प्रिंसपल लोन दिया है। असल रकम 824 करोड रुपये का है, लेकिन अगर ब्याज को भी जोड लें तो बैंकों को 1 हजार करोड से अधिक का नुकसान हुआ है। इसकी जानकारी सबसे पहले एसबीआई ने 11 नवंबर 2017 को रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) को दी। जनवरी तक दूसरे बैंकों ने भी रेग्युलेटर को धोखाधडी के बारे में बताया।  सीबीआई को लिखे पत्र में एसबीआई ने बताया है कि कनिष्क गोल्ड ने 2007 से कर्ज लेना शुरू किया और बाद में उसने अपनी क्रेडिट की सीमा बढवा लिया। हालांक सीबीआई ने इस पर अभी कोई एफआइआर दर्ज नहीं की है।
 बता दे कि कनिष्क का रजिस्टर्ड ऑफिस चेन्नैई में है। इसके मालिक और प्रमोटर-डायरेक्टर भूपेश कुमार जैन और उनकी पत्नी नीता जैन हैं। बैंकर्स ने कहा कि वे दंपती से संपर्क नहीं कर पाए हैं। माना जा रहा है के वे अभी मॉरिशस में हैं।  एसबीआई ने कहा कि जूलर ने सबसे पहले मार्च 2017 में ब्याज भुगतान में 8 सदस्य बैंकों से डिफॉल्ट किया। अप्रैल 2017 तक कनिष्क ने सभी 14 बैंकों को पेमेंट रोक दी। 5 अप्रैल 2017 को स्टॉक ऑडिट की शुरुआत के समय बैंकर्स प्रमोटर से संपर्क करने में असफल रहे। 25 मई 2017 को जब बैंकर्स ने कनिष्क के कॉर्पोरेट ऑफिस का दौरा किया तो फैक्ट्री, शोरूम बंद था। वहां कोई कामकाज नहीं हो रहा था। उसी दिन भूपेष जैन ने बैंकर्स को लेटर लिखकर रिकॉड्र्स में जालसाजी की बात स्वीकार की। 

बाद में जब बैंकर्स दूसरे शोरू पर पहुंचे तो पता चला कि वे भी बंद हैं।
मद्रास जूलर्स ऐंड डायमंड मर्चेंट्स असोसिएश के प्रतिनिधि ने कहा, ‘कंपनी घाटे को सहन नहीं कर पा रही थी और मई 2017 में ही बंद हो गई।’ एसबीआई के लेटर से पता चलता है कि कनिष्क पर लोन 2007 से ही बकाया है। समय बीतने के साथ बैंकों ने कनिष्क के लिए क्रेडिट लिमिट और वर्किंग कैपिटल लोन की लिमिट बढा दी।