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हाड़ौती में आसमान से बरसी आफत

ByRameshwar Lal

Aug 3, 2021

बारां के शाहाबाद में दूसरे दिन भी 10 इंच से ज्यादा बारिश; चंबल, कालीसिंध, पार्वती नदियां उफान पर

राजस्थान के हाड़ौती अंचल में भारी बारिश ने कहर मचा दिया है।

बारां जिले के शाहाबाद में आज दूसरे दिन भी 10 इंच (255MM) बारिश ने वहां के हालात विकट कर दिए है।

इधर सवाई माधोपुर के देवगढ़ में िरकॉर्ड 380 (एक फुट एक इंच) पानी पिछले 24 घंटे के दौरान बरसा है।

इनके अलावा बूंदी, सवाई माधोपुर, कोटा, भीलवाड़ा, टोंक, करौली, जयपुर समेत अन्य जिलों में बीती रात तेज बारिश हुई।

इसके कारण इन जिलों के कई क्षेत्रों में बरसाती नदियां तेज बहाव के साथ बहने लगी।

राजस्थान के अलावा मध्य प्रदेश में हुई तेज बारिश ने राजस्थान की नदियों में उफान ला दिया।

चम्बल, पार्वती और कालीसिंध में तेज पानी की आवक होने से इन पर बने डेम के गेट खोल दिए है।

नदियों की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने इनके आस-पास रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है। इधर टोंक जिले के बरौनी थाना क्षेत्र में सिरस गांव में आज सुबह दर्दनाक हादसा हो गया।

एक पुत्र अपने पिता संग अपनी मां का शव लेकर जयपुर से लौट रहा था,

तभी गांव के पास बने अण्डरपास की रपट पर बोलेरो एम्बुलेंस तेज पानी के बहाव में बह गई।

इससे उसमें सवार पिता-पुत्र की मौत हो गई, जबकि चालक और एक अन्य रिश्तेदार ने एंबुलेंस की छत पर चढ़कर अपनी जान बचाई।

धौलपुर में चंबल नदी जो पूरी क्षमता के साथ बह रही है।

धौलपुर में चंबल नदी जो पूरी क्षमता के साथ बह रही है।

चम्बल खतरे के निशान से 7 मीटर से ऊपर, कोटा बैराज का तीसरा गेट भी खोला

राजस्थान और मध्य प्रदेश में तेज बारिश का असर चम्बल, पार्वती और कालीसिंध नदियों के जलस्तर पर देखने को मिल रहा है।

चंबल नदी का गेज 138 मीटर पर पहुंच गया, जबकि सामान्य गेज 130.79 मीटर है।

नदी खतरे का निशान 7 मीटर ऊपर बह रही है।

इस कारण धौलपुर के सरमथुरा इलाके के कई गांवों में चम्बल का पानी आ गया।

बताया जा रहा है कि नदी के जल स्तर में 1 मीटर का और इजाफा हो गया तो धौलपुर के करीब 49 गांवों में बाढ़ का संकट खड़ा हो जाएगा।

धौलपुर में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए कलेक्टर ने पुलिस के साथ एसडीएफ और

एनडीआरएफ की टीम को अलर्ट मोड पर रखा है।

इसके साथ ही लोगों को नदी के किनारे जाने की मनाही करने के साथ निचले इलाकों को छोड़ने के लिए अलर्ट जारी किया गया है।

इधर कोटा बैराज से आज तीसरा गेट खोलकर 9.97 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है।

इधर करौली बारिश का दौर कम होने से के पांचना बांध में पानी की आवक कम हो गई।

अब बांध के 5 गेट खोलकर 1400 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है।

बांध का जलस्तर अब 257.35 मीटर पर आ गया, जबकि इसकी कुल भराव क्षमता है 258.60 मीटर है।

जयपुर में मौजमाबाद में भारी बारिश के कारण, 15 साल बाद बांडी नदी में आया पानी

जयपुर के ग्रामीण अंचल में बीती रात तेज बारिश के कारण कई गांवों के तालाब और नदियां जो सूखी पड़ी थी,

उनमें अब पानी भर गया।

फागी के पास बांड़ी नदी में करीब 15 साल बाद पानी दिखा।

दूदू के पास मौजमाबाद में रातभर में करीब 6 इंच (140MM) पानी बरसा।

यहां कई खेत जलमग्न हो गए और तालाबों में पानी भर गया।

फागी में 121, छापरवाड़ा 115, सांगानेर 105, फुलेरा 94, चौंमू 92, विराटनगर 85, नरैना 80, दूदू 87 और आमेर में 65MM बारिश हुई है।

भीलवाड़ा में रायला क्षेत्र में बारिश के बाद स्टेट हाइवे पर भरे पानी के बीच से गुजरते वाहन।

भीलवाड़ा में रायला क्षेत्र में बारिश के बाद स्टेट हाइवे पर भरे पानी के बीच से गुजरते वाहन।

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