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लवलिना बोरगोहेन बॉक्सिंग में मेडल की दावेदार, अखबार में मोहम्मद अली के बारे में पढ़कर जागी थी इस खेल में दिलचस्पी

ByRameshwar Lal

Jun 25, 2021

पहली बार 9 भारतीय बॉक्सर ओलिंपिक में देश का प्रतिनिधित्व करेंगे। इनमें असम की 23 साल की लवलिना बोरगोहेन भी शामिल हैं। लवलिना ओलिंपिक में हिस्सा लेने वाली असम की पहली महिला मुक्केबाज भी बनेंगी। पुरुषों में शिवा थापा यह उपलब्धि हासिल कर चुके हैं। 65 किलोग्राम वेट कैटेगरी में हिस्सा लेने वाली लवलिना मेडल जीतने की मजबूत दावेदार बताई जा रही हैं। भारतीय महिला मुक्केबाजों में अब तक सिर्फ एमसी मेरीकॉम ही ओलिंपिक मेडल जीत सकी हैं। लवलिना को अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है। यह अवॉर्ड पाने वाली वह असम की छठी खिलाड़ी भी हैं।

ओलिंपिक मेडल हर कोई याद रखता है
लवलिना कहती हैं- नेशनल में अगर कोई गोल्ड मेडल जीतता है तो लोग भूल जाते हैं, लेकिन ओलिंपिक में गोल्ड मेडल जीतने पर सब याद रखते हैं। मेरा लक्ष्य ओलिंपिक में देश के लिए गोल्ड मेडल जीतना है। अगर मैं बॉक्सिंग में देश को पहला गोल्ड मेडल दिला सकूं तो मेरे लिए सौभाग्य की बात होगी, क्योंकि अभी तक ओलिंपिक में बॉक्सिंग में किसी भारतीय ने गोल्ड नहीं जीता है। लवलीना बताती हैं, ‘हम तीन बहनें हैं। लोग यही कहते थे कि लड़कियां कुछ नहीं कर पाएंगी, लेकिन मेरी मां ममोनी बोरगोहेन हमेशा कहती हैं कि कुछ ऐसा करो, जिससे लोग आपको याद रखें।’

जुड़वां बहनों को देख किक बॉक्सिंग में आईंं
लवलिना ने अपनी जुड़वां बहनों लीचा और लीमा को देखकर किक बॉक्सिंग खेलना शुरू किया था। लवलिना कहती हैं- मेरे पिता टिकेन बोरगोहेन एक बार बाजार से अखबार में लपेटकर मिठाई लाए थे। अखबार में मोहम्मद अली के बारे में छपा था। मैने अपने पापा से मोहम्मद अली के बारे में जाना। उन्होंने मुझे मोहम्मद अली के बॉक्सिंग करियर के बारे में बताया। तब मुझे बॉक्सिंग के बारे में पता चला। इसके बाद स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (साई) के असम के रीजनल सेंटर पर चयनित होने के बाद मैं बॉक्सिंग की ट्रेनिंग लेने लगी।

परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर थी
लवलिना को बचपन में काफी संघर्ष करना पड़ा। उनके पिता छोटा सी दुकान चलाते थे। ऐसे में घर की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं थी। उनके पिता कहते हैं- मेरी आय काफी कम थी। लवलिना के पास ट्रैक सूट तक नहीं था। वह साइकिल से बॉक्सिंग की ट्रेनिंग करने के लिए जाती थीं, लेकिन कभी कोई शिकायत नहीं की।

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